कार्यालय जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बांदा
बांदा दिनांक 03.03.2023 | राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण – नई दिल्ली व उ0प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार माननीय जिला जज / अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बांदा श्रीमती कमलेश कच्छल जी की अध्यक्षता में आज दिनांक 03.03.2023 को सांय 04:30 बजे से नवीन सभागार, दीवानी न्यायालय परिसर, बांदा में मानसिक स्वास्थ्य के सम्बन्ध में विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर की अध्यक्षता कर रही माननीया जनपद न्यायाधीश / अध्यक्षा, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बांदा द्वारा अपने सम्बोधन में बताया कि मानसिक रूप से बीमार होने पर आत्महत्या करने के कारणों में मुख्यतः व्यापार में घाटा, परीक्षा में असफल होना, नौकरी रोजगार के न मिलने पर अथवा रोजगारहीन होना, अत्याधिक महत्वकांक्षी होना आदि कारण उत्तरदायी होते है। आत्महत्या के रोकने के लिए आवश्यक है कि पीड़ित व्यक्ति से बात की जायें उसकी समस्या के समाधान के विकल्पों के बारे तथा मनोबल बढ़ाये रखा जायें, इस कार्य में उसके मित्र परिवार के सदस्य, उसके काउन्सलर एवं मनोचिकित्सक सहायक हो सकते है। बताया जायें शुभ चिन्तक,
शिविर में डा० हरदयाल – चिकित्सक जिला चिकित्सालय बांदा द्वारा अपने सम्बोधन में कहा गया कि यदि कोई व्यक्ति शरीरिक रूप से स्वस्थ है किन्तु उसका मानसिक स्वाथ्य खराब है तो उसे अपने जीवन में कई प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। मानसिक स्वास्थ्य से एक व्यक्ति को अपनी क्षमताओं का पता चलता हैं । मानसिक विकार व्यक्ति के स्वास्थ्य सम्बंधी व्यवहार, निर्णय, नियमित व्यायाम, पर्याप्त निद्रा आदि को प्रभावित करता है और शारीरिक रोगो के खतरे को बढ़ाता है। मानसिक अस्वस्थता के कारण ही व्यक्ति को बेरोजगार, विघटित होते परिवार, गरीबी, नशीले पदार्थो का सेवन और सम्बन्धित अपराध का सहभागी बनना पड़ता है। यदि व्यक्ति का मानसिक स्वास्थ्य सही है तो उसका जीवन भी सही रहता है। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने मानसिक विकारों से बचना व उसके बारे में समझना अत्यन्त आवश्यक है।
डा० रिज़वाना हाशमी, साइकाइटिक, जिला चिकित्सालय बांदा द्वारा कहा गया कि मानसिक रोग से पीड़ित व्यक्तियों को ऐसे लोगो के साथ अधिक समय व्यतीत करना चाहिए जो सकारात्मक सोच के हों। जो लोग सामाजिक रुप से सक्रिय होते है वे अधिकतर मानसिक रूप से स्वस्थ्य रहते है। प्रत्येक व्यक्ति को कोशिश करनी चाहिए कि वह आवश्यकता पड़ने पर दूसरों की मदद करें। अपनी शक्ति को दूसरे की मदद में लगाने से आपको अत्याधिक प्रसन्नता का अनुभव करेगें। प्रसन्न रहना आपके दिमाग को स्वस्थ्य रखने में सहायक होता है। आज के समय में हर किसी का जीवन तनाव में है, जिसके चलते हम शारीरिक और मानसिक रूप से बीमार हो जाते हैं। ऐसे में तनाव से छुटकारा पाने के लिये जीवन में प्रबन्धन की बहुत आवश्यकता होती है। इसके लिए नियमित रूप से व्यायाम करना, खेलना, टहलना आदि को अपनी दिनचर्या में शामिल करे।
श्री नरेन्द्र कुमार मिश्रा, जिला चिकित्साल, बांदा द्वारा अपने वक्तव्य में कहा कि मानसिक रूप से स्वस्थ्य रहने के लिए अन्दर से शांत होना अत्यन्त आवश्यक है। जीवन में शांत रहने के लिए ध्यान और योग करना चाहिए। यह आपको मानसिक रूप से शांत रखता है और एकाग्रता को बढ़ाता है। शांत रहने से आपका दिमाग स्वस्थ्य रहता हैं। इसके चलते आपको जीवन में अधिक कठिनाइयों का समाना नही करना पड़ता है। अपने जीवन में लक्ष्य तय करे और उन लक्ष्यों को पाने के लिये क्या क्या करना पड़ेगा उसे भी सुनिश्चित करे। इसके लिये व्यवहारिक तरीका ही अपनाएं । यह सब करने से आप अपने लक्ष्य तक आसानी से पहुंच सकते है एवं मानसिक रूप से भी स्वस्थ्य रहते है। जीवन में आने वाली कठिनाइयों को दूर करने के लिए दूसरों की मदद बिना संकोच किये ले, इससे काफी हद तक हमारा मानसिक स्वास्थ्य ठीक रहता है।
श्रीमान राजेन्द्र प्रसाद श्रीवास्तव, प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय, बांदा द्वारा भी मानसिक स्वास्थ्य के सम्बंध में अपने वक्तव्य प्रकट किये।
शिविर का संचालन श्रीमती सुचेता चौरसिया, सचिव- जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बांदा द्वारा किया गया तथा शिविर के अन्त में उपस्थित आये समस्त सम्मानित न्यायिक अधिकारियों व कर्मचारियों आभार व्यक्त किया ।

कारी, मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण, बांदा, श्रीमान राजेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय – बांदा, श्रीमान मोहम्मद कमरुज्जमा खॉन, अपर जिला जज प्रथम-बांदा, श्रीमती अनु सक्सेना, अपर जिला जज, पॉक्सो-बांदा, श्रीमान निरन्जन कुमार, अपर जिला जज, एस०सी / एस०टी०- बांदा, श्रीमान छोटेलाल यादव, अपर जिला जज, डी०ए०ए० – बांदा, श्रीमान गुनेन्द्र प्रकाश, अपर जिला जज, ई०सी० एक्ट- बांदा, श्रीमान नदीम अनवर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-बांदा, श्रीमती गरिमा सिंह, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट- बांदा, श्रीमती अनुजा सिंह, सिविल जज- जू०डि०, सुश्री सौम्या मिश्रा अतिरिक्त सिविल जज- जू०डि०, सुश्री मनीषा साहू, अतिरिक्त सिविल जज- जू०डि०, सुश्री कंचन कुमारी, सिविल जज जू०डि० – त्वरित, श्रीमान अभय कुमार, सिविल जज जू०डिo – त्वरित, श्रीमान कौशल किशोर प्रजापति, विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट-बांदा, श्रीमती मीनू सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी के साथ श्री मुन्नीलाल वर्मा मुख्य प्रशासनिक अधिकारी श्री देवेन्द्र अवस्थी- केन्द्रीय नाज़िर, श्री राशिद अहमद अन्सारी- डी०ई०ओ०, श्री नासिर अहमद व अन्य कर्मचारीगण उपस्थित रहे