आयुक्त महोदय चित्रकूटधाम मण्डल, बाँदा श्री अजीत कुमार की अध्यक्षता में दिनांक 23 दिसम्बर 2025 को चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के मण्डलीय/जनपद स्तरीय अधिकारियों की बैठक सम्पन्न हुई।
बैठक के दौरान चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से मण्डल के अपर निदेशक, संयुक्त निदेशक, सीएमओ,सीएमएस, एसीएमओ, डीआईओ, मंडलीय कार्यक्रम प्रबंधन इकाई, जनपदीय कार्यक्रम प्रबंधन इकाई के स्टाफ, डेवलपमेंट पार्टनर एजेंसी UNICEF, UNDP, UPTSU एवं अन्य जनपदीय नोडल अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का संचालन श्री आलोक कुमार मण्डलीय कार्यक्रम प्रबंधक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन/SIFPSA, चित्रकूटधाम मंडल द्वारा किया गया।
बैठक में मण्डल के चिकित्सा विभाग की रैंकिंग एवं कार्य में सुधार होने पर आयुक्त महोदय ने प्रसन्नता व्यक्त की।
बैठक के दौरान “इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब”(IPHL) जनपद बांदा एवं चित्रकूट में शीघ्र प्रारम्भ कराने हेतु मुख्य चिकित्सा अधीक्षक – जिला चिकित्सालय -पुरुष को निर्देश दिये तथा जनपद महोबा एवं हमीरपुर के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को मानक अनुरूप समस्त जाँचे IPHL लैब में कराने हेतु निर्देशित कियाl IPHL हमीरपुर में अब तक बीएसएल 2 लैब के समस्त उपकरण क्रियाशील नहीं करने पर आयुक्त महोदय द्वारा असंतोष व्यक्त किया गया जिसे एक सप्ताह के अंदर पूर्ण करने तथा CYRIX से समस्त उपकरणों की मैपिंग करने हेतु मुख्य चिकित्सा अधीक्षक हमीरपुर को निर्देशित किया गया।
जनपद हमीरपुर के जिला पुरुष चिकित्सालय मे अब तक ब्लड कम्पोनेंट सेपरेशन यूनिट प्रारम्भ नही होने पर शीघ्र लाइसेन्स प्राप्त करते हुये इकाई प्रारम्भ करने हेतु सीएमएस को निर्देशित किया गया।
मण्डल, जनपद एवं ब्लाक के समस्त पर्यवेक्षकीय अधिकारियों के माध्यम से प्रत्येक माह पर्यवेक्षकीय भ्रमण करते हुये चेकलिस्ट में जानकारी अपडेट कराने एवं प्राप्त गैप पर संबन्धित इकाई/ ब्लाक/ जनपद द्वारा कार्यवाही कराने हेतु मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को निर्देशित किया गया।
प्रत्येक स्वास्थ्य केंद्र में इशेंशियल ड्रग लिस्ट (EDL) की उपलब्धता तथा उनकी अपडेटेड सूची का प्रदर्शन इकाई के ओपीडी परिसर में कराने हेतु जनपदों को निर्देशित किया गया।
बैठक में आयुक्त महोदय ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिन संकेतकों (इंडीकेटर्स) पर प्रगति संतोषजनक नहीं है, उनमें आगामी माह तक सुधार अवश्य परिलक्षित होना चाहिए। वरिष्ठ नागरिकों (70 वर्ष से अधिक आयु) का शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनाया जाए, जिससे उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।
आयुक्त ने वी.एच.एन.डी. सत्रों के नियमित आयोजन पर विशेष बल दिया। सभी सीएमओ यह सुनिश्चित करें कि नियमित सत्र समय से आयोजित हों तथा इसका मोबिलाजेशन आशाओं द्वारा गुणवत्ता पूर्ण हो।
डॉक्टरों तथा सीएचओ को ई-संजीवनी पोर्टल का अधिकतम उपयोग करने और आम जनता को इसके प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए । आयुक्त महोदय सभी संविदा एवं आउटसोर्स कर्मचारियों का वेतन समय पर भुगतान करने के निर्देश दिए।
मरीजों की सुविधा को सर्वोपरि मानते हुए उन्होंने पंजीकरण व्यवस्था को सरल एवं डिजिटल बनाने पर बल दिया। पंजीकरण कक्ष पर लम्बी लाइनों की समस्या से निजात दिलाने हेतु आभा के माध्यम से जिला चिकित्सालयों में ओपीडी पर्चे की लाइन कम करने हेतु डिजिटल पंजीकरण प्रणाली को अपनाने और जनता को इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया गया।
अस्पतालों में डॉक्टरों की समय पर उपस्थिति अनिवार्य हो और मरीजों के साथ सहजता एवं शालीनता से व्यवहार किया जाए।
आयुक्त श्री अजीत कुमार ने कहा कि सरकार की मंशा है कि स्वास्थ्य सेवाओं को आमजन तक और अधिक सरल, सहज एवं प्रभावी रूप में पहुँचाया जाए। इसके लिए सभी अधिकारी पूरी निष्ठा एवं समर्पण भाव से कार्य करें।
उपरोक्त के अतिरिक्त बैठक के दौरान कोविड 19 स्टाफ के शेष स्टाफ का समायोजन, राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम, MBBS / AYUSH चिकित्सक के वाक इन साक्षात्कार, एनएचएम की वित्तीय उपलब्धि, आशा / आशा संगिनी चयन, DVDMS पोर्टल, आयुष्मान आरोग्य मंदिर क्रियाशीलता, एनसीडी स्क्रीनिंग, प्रथम संदर्भन इकाई क्रियाशीलता, मातृ स्वास्थ्य के 11 की परफ़ोर्मेंस इंडीकेटर, नियमित टीकाकरण, क्वालिटी कार्यक्रम के अंतर्गत कायाकल्प / एनक्यूएएस, राष्ट्रीय शहरी स्वास्थ्य मिशन, एनबीएसयू आदि की समीक्षा की गयी।

र्षिक कार्ययोजना 2026-27 भारत सरकार से प्राप्त नये प्रारूप पर शीघ्र जनपदों द्वारा मण्डल एवं राज्य को उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया गया । प्परिवार नियोजन लाजिस्टिक प्रबंधन में बांदा जनपद को राज्य में प्रथम स्थान पर होने पर प्रशंसा की गयी।