अपराध*आंगनबाड़ी केंद्रों की कलाकारी पैकटों में मिलने वाली सामग्री में लगी बीमारी by zeestarnewsJanuary 10, 20230 Share0 Post Views: 36 *आंगनबाड़ी केंद्रों की कलाकारी पैकटों में मिलने वाली सामग्री में लगी बीमारी **बांदा**जिले में संचालित बाल विकास से लाभार्थियों की आस पर न केवल पानी फिर रहा है बल्कि वह आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालनकर्ता और निरीक्षण परीक्षण के जिम्मेदारों की कारगुजारी से निराश हो रहे हैं। केंद्रों से विकासखंड स्तर पर बैठे सीडीपीओ और क्षेत्रीय सुपरवाइजरों की आंगनबाड़ी केंद्रों के नाम की जाने वाली वसूली और लाभार्थियों के हक और हुकूक के साथ वितरित की जाने वाली सामग्री में कटौती के बाद एक नया हथकंडा और फंडा प्रकाश में आया है जिसमें कहा जा रहा है कि वितरित किए जाने वाली सामग्री चना की दाल, तेल, दलिया वगैरह के पैकटों से कलाकारी के जरिए अंदर बंद सामग्री को थोड़ा-थोड़ा निकालकर पैकेटों को ऐसे सीज कर दिया जाता है जैसे वह कंपनी से सीज होकर आए हों लेकिन लाभार्थी जब पैकेटों की तौल कराते हैं तो कई लाभार्थियों ने बताया कि डेढ़ किलो प्रति पैकेट मिलने वाली चने की दाल के पैकेट हों या फिर दलिया या फिर रिफाइंड तेल का पैकेट निर्धारित मात्रा से कम तौल में हासिल हो पाता है। इस प्रकार की कारगुजारी का कालाचिट्ठा फिलहाल एक अर्से से ज्यादा से चल रहा है,आरोपों के घेरे में रहा लेकिन इधर नगर क्षेत्र में की जाने वाली वासूली और कटौती सहित तमाम ऐसे लाभार्थियों की सामग्री जो उनको नहीं दी जाती उसकी वापसी भी न करने के आरोप प्रकाश में आए हैं। कई लाभार्थियों से जब मिलने वाली खाद्य सामग्री पर बातचीत के साथ तौल के बारे में पूछतांछ की गई तो उनका कहना था कि यह बात हम केंद्र की आंगनबाड़ियों से भी कहते हैं लेकिन उनका जवाब होता है , यह सब कंपनी और उच्चाधिकारियों का खेल है। लाभार्थियों ने कम मिलने वाली सामग्री पर जांच कराने का ध्यानाकृष्ट कराते हुए उच्चाधिकारियों से अपेक्षा की है कि यह सरकार द्वारा लाभार्थियों को आवंटित की जाने वाली सामग्री के साथ कमाने-खाने का न केवल बल्कि फंडा और हथकंडा है, इस पर नियंत्रण और रोकथाम के लिए कार्यवाही किए जाने से सरकार द्वारा आवंटित किए जाने वाला निर्धारित हक लाभार्थियों के हाथ लग सके। कार्यवाही और जांच न करने से कमानेखाने का आंगनबाड़ी केंद्रों में सिलसिला जारी रहेगा। अब तो लाभार्थियों को इंतजार है कि जाने वाली जांच और कमाई के खेल में कलाकारी के जरिए हथकंडा अपनाने से लाभार्थियों की सामग्री बचा कर उनके हवाले किया जाए।