*बालू खदान संचालक ने रोकी रंज नदी की जलधारा जलीय जीवों सहित लोगों में जलसंकट गहराया*
नरैनी– वर्तमान में जनपद बांदा में बालू खनन कारोबारी बेलगाम होकर शासन प्रशासन के सारे नियमों को ताक में रख मनमानी कर लाल सोने की लूट में मदमस्त हैं भले ही उसमें उन्हें चाहे जो भी उपाय करना पड़े बेधड़क बेखौफ कर गुजरते हैं जिसके कारण लोग परेशान हों भी तो उन्हें कोई फर्क नहीं कुछ ऐसा ही मामला देखने को मिला कालिंजर थानान्तर्गत ग्राम गोपरा में संचालित बालू खदान में यहाँ पर पट्टाधारक द्वारा रंज नदी की जलधारा रोककर रास्ता बनाते हुये भीमकाय मशीनों द्वारा खुलेआम खनन किया जा रहा है जिसके चलते जहाँ एक ओर क्षेत्रीय लोगो पर जलसंकट गहराया हुआ है वहीं दूसरी ओर जलीय जीवों पर भी असमय मौत का संकट गहराता जा रहा है जबकि प्रशासन द्वारा अनदेखी कर खदान संचालक के इस घृणित कार्य पर कोई भी अंकुश लगाने से जिम्मेदारों द्वारा सरेआम परहेज किया जा रहा है जिसके चलते आने वाले समय में यही रंज नदी लोगों के बीच अपना अस्तित्व खोने की कगार पर है लोगों का मानना है की यदि जल्द ही अविरल बह रही इस नदी की जलधारा को नहीं खोला गया तो इससे जुड़े आसपास के गावों में जलसंकट होना कोई आश्चर्यजनक बात नहीं होगी संचालक द्वारा की गयी इस मनमानी सेआने वाले समय में शायद लोग बूंद बूंद पानी के लिये भटकने पर मजबूर नजर आयेंगे जिसका सारा श्रेय मूकदर्शक बने शासन प्रशासन को ही जायेगा! रिपोर्टिंग उमेश तिवारी नरैनी