आप देख सकते है ग्राम पंचायत टोला कला बबेरू के हाल जो की गौशाला में तो ध्यान ही नहीं दिया जाता प्रधान द्वारा लेकिन कम से कम मृत गौ वंश को इस क्रूरता क्रूरता के साथ तो ना ले जाकर जंगल में फेके सुवर और कुत्तों के खाने के लिए कुछ दिनों पहले टोला कला के प्रधान और प्रधान पुत्र मीडिया के पन्नों में सुर्खियों में रहे मनरेगा का ग्रामीणों का पैसा हड़पने को लेकर और पैसों की डिमांड करते रहे मनरेगा की मजदूरी के भुगतान करने के एवज में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी बांदा को सौंपा था ज्ञापन आज फिर ग्राम पंचायत टोला कला का नया कारनामा देखने को मिल रहा है क्या ऐसे लापरवाह प्रधान को कौन संरक्षण दे रहा है जो आय दिन मीडिया की सुर्खियों में रहता है आइए देखते है ऐसे लापरवाह ग्राम प्रधान कब सुधरेंगे गौरक्षा समिति के पदाधिकारी भी संज्ञान ले पशु क्रूरता करने वाले ऐसे लोगो के उपर कठोर से कठोर कार्यवाही होनी चाहिए ताकि कोई भी गौवंश के प्रति अमानवीय व्यवहार ना कर सके। आप देख रहे है प्रधान उर्मिला देवी यादव का ड्राइवर किस तरह से मृत गौ वंश को ट्रेक्टर में क्रूरता के साथ खींच कर जंगलों में डालने के लिए लिए जा रहे है अरे कम से कम सम्मान के साथ गौमाता का अंतिम संस्कार तो इज्जत के साथ कर देते ताकि उनकी आत्मा को शांति मिलती
बालेन्द्र तिवारी
